October 27, 2021

चक्रवर्ती और रसेल की घातक गेंदबाजी, कोलकाता नौ विकेट से जीता

अबू धाबी ,  ।  मिस्ट्री स्पिनर वरुण चक्रवर्ती (3/13) और तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर आंद्रे रसेल (3/9) की घातक गेंदबाजी की बदौलत कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) ने आईपीएल 14 के 31वें मैच में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) को नौ विकेट से हरा दिया।
बेंगलुरु की टीम टॉस जीत कर पहले बल्लेबाजी करते हुए 100 रन भी नहीं बना सकी और 19 ओवर में 92 रन बना कर ऑलआउट हो गई। जवाब में केकेआर ने सलामी बल्लेबाजों शुभमन गिल (48) और वेंकटेश अय्यर (41) की पहले विकेट के लिए 82 रन की शानदार साझेदारी की बदौलत 10 ओवर में ही नौ विकेट से मैच जीत लिया। शुभमन ने छह चौकों और एक छक्के के सहारे 34 गेंदों पर 48 और वेंकटेश ने सात चौकों और एक छक्के की मदद से 27 गेंदों पर 41 रन बनाए।
इससे पहले कोलकाता ने घातक गेंदबाजी करते हुए बेंगलुुर के बल्लेबाजों के चारों खाने चित किया। केकेआर के गेंदबाजों का पहला शिकार खुद विराट बने, जिन्हें दूसरे ओवर में तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा ने आउट किया। इसके बाद देवदत्त पडिकल और श्रीकर भारत ने 31 रन की साझेदारी कर पारी को संभाला, लेकिन तेज गेंदबाज लॉकी फर्ग्यूसन ने पडिकल को आउट कर यह साझेदारी तोड़ दी और इसके बाद तो विकेटों की झड़ी लग गई।
यहां से चक्रवर्ती और रसेल ने मोर्चा संभाला और आरसीबी की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। रसेल ने जहां तीन ओवर में नौ रन देकर तीन, जबकि चक्रवर्ती ने चार ओवर में 13 रन देकर तीन विकेट लिए। फर्ग्यूसन ने हर्षल पटेल के रूप में दूसरा विकेट लिया। आरसीबी की तरफ से पडिकल ने सर्वाधिक 22, श्रीकर ने 16 और हर्षल ने 12 रन बनाए। आरसीबी की तरफ से लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने एक विकेट लिया।
कोलकाता ने इस जीत के साथ महत्चपूर्ण दो अंक हासिल किए। उसे बड़े अंतर के साथ जीतने का फायदा भी हुआ है। वह अब न केवल अंक तालिका में दो स्थानों की छलांग से पांचवें स्थान पर आ गया है, बल्कि उसका नेट रन रेट भी पॉजिटिव हो गया है। उसका नेट रन रेट अब +0.110 है जो तीसरे नंबर की बेंगलुरु और चौथे नंबर की मुंबई से बेहतर है।
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)केआईआईटी अपने दो स्टेडियम्स का नाम ओलंपियन और पैरालंपियन के नाम पर रखेगा
भुवनेश्वर , । मानित विश्वविद्यालय कलिंग औद्योगिक प्रौद्योगिकी संस्थान (केआईआईटी) ने अपने दो स्टेडियमों का नाम पैरालंपियन और ओलंपियन के नाम पर रखने का फैसला किया है। केआईआईटी ने कैंपस-12 में इंडोर स्टेडियम का नाम पैरा बैडमिंटन एथलीट प्रमोद भगत के नाम पर रखने की घोषणा की है, जहां वह अभ्यास करते हैं। वहीं केआईआईटी के सिंथेटिक एथलेटिक स्टेडियम का नाम दुती चंद के नाम पर रखने का फैसला लिया है।
केआईआईटी और केआईएसएस के संस्थापक अच्युत सामंत ने एक समारोह में ओलंपियंस और पैरालंपियंस को बधाई देते हुए कहा कि दिसंबर 2021 में केआईआईटी के इन दोनों स्टेडियमों का नाम क्रमश: प्रमोद भगत और दुती चंद के नाम पर कर दिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि प्रमोद ने हाल ही में टोक्यो में संपन्न पैरालंपिक खेलों में बैडमिंटन में स्वर्ण पदक जीता है। उन्होंने विश्व बैडमिंटन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक और राज्य और देश के लिए कई अन्य पदक भी जीते हैं। केआईआईटी स्कूल ऑफ लॉ की दुती चंद हाल ही में संपन्न टोक्यो ओलंपिक खेलों सहित लगातार दो बार ओलंपिक में पहुंची हैं। उन्होंने एशियाड में दो रजत पदक भी प्राप्त किए हैं। वह केआईआईटी विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व करते हुए विश्व विश्वविद्यालय खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली देश की पहली महिला भी बनी हैं।
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)युवा कुमार ने जीता ईस्ट जोन लेग मोटरस्पोर्ट्स खिताब
कोलकाता  । हीरो मोटोस्पोर्ट्स के अनुभवी अंतरराष्ट्रीय बाइक राइडर युवा कुमार राष्ट्रीय रैली स्प्रिंट चैंपियनशिप में ईस्ट जोन मोटरस्पोर्ट्स का तीसरा राउंड जीतने के बाद उन्हें सबसे तेज राइडर के रूप के खिताब से नवाजा गया। उनके अलावा स्थानीय राइडर बार्नो बर्मन चैंपियनशिप में चार मिनट से कम समय में दौड़ पूरी करने वाले एकमात्र अन्य राइडर बने।
18 साल के लंबे अंतराल के बाद कोलकाता लौटने वाली इस दोपहिया रैली में हीरो राइडर ने यहां से लगभग 160 किमी दूर बर्धमान जिले के जंगलों में मिश्रित-टरमैक और मुर्रम गंदगी वाले इलाके तक की दूरी तीन मिनट 42.7 सेकेंड के समय में पूरी की। हीरो मोटोकॉर्प द्वारा प्रायोजित इस कार्यक्रम में 72 प्रविष्टियां आईं और इसे रीच होम सेफ, बीएमसी और रेस डायनेमिक्स द्वारा समर्थन प्राप्त हुआ। वहीं बंगाल मोटर स्पोर्ट्स क्लब ने बारिश के बावजूद मंच स्थापित करने का सराहनीय काम किया।
उनके हीरो टीम के साथी सत्यराज अरुमुगम ने भी ओवरऑल दूसरा स्थान हासिल किया, लेकिन यह स्थानीय राइडर ही थे, जिन्होंने प्रतिस्पर्धी समय के साथ मोटरस्पोर्ट्स बिरादरी को रोमांचित किया। उल्लेखनीय है कि हीरो राइडर बार्नो बर्मन पहले से ही दक्षिण क्षेत्र से फाइनल के लिए चलीफाई कर चुके है, जिन्होंने अपने प्रदर्शन से सभी का दिल जीत लिया।
अन्य स्थानीय राइडर्स ने भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया जिसमें पुराने टाइमर विशाल दास ने जयंत दत्त और सुमंत्रा आइच के साथ अपनी-अपनी श्रेणियों में स्वर्ण पदक जीता। बुलेट श्रेणी के विजेता असम के हंसराज सैकी ने भी फीचर इवेंट में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और दूसरे स्थान पर रहे। उन्होंने ग्रुप डी में 260सीसी श्रेणी में चार मिनट 16.8 सेकेंड का समय लेकर शीर्ष पर चलीफाई किया। वहीं उदय गांगुली और अनूप मंजप्पा का समय भी बेहतर रहा। उल्लेखनीय है कि साउथ जोन राउंड की दौड़ अगस्त में आयोजित की गई थी, जबकि नॉर्थ और वेस्ट जोन में अभी दो और इवेंट्स होने हैं, जो छह से सात नवंबर तक गोवा में होंगे।
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)संजीत, शिवा थापा और मोहम्मद हुसामुद्दीन पहुंचे फाइनल में
बल्लारी , । संजीत, शिव थापा और मोहम्मद हुसामुद्दीन ने अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए कर्नाटक के बल्लारी में इंस्पायर इंस्टीट्यूट ऑफ स्पोर्ट्स में पांचवीं एलीट मेन्स राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियनशिप के फाइनल में प्रवेश किया।
सर्विसेज स्पोर्ट्स कंट्रोल बोर्ड (एसएससीबी) का प्रतिनिधित्व करने वाले मौजूदा एशियाई चैंपियन संजीत दिल्ली के अपने प्रतिद्वंद्वी हर्ष कौशिक के खिलाफ प्रभावी साबित हुए। उन्होंने 92 किग्रा सेमीफाइनल मुकाबले में हर्ष पर 5-0 से जीत दर्ज की। संजीत का फाइनल में हरियाणा के नवीन कुमार से सामना होगा जो पंजाब के राघव चौधरी को हरा कर फाइनल में पहुंचे हैं। फाइनल मुकाबले मंगलवार को होंगे।
एसएससीबी के एक अन्य मुक्केबाज हुसामुद्दीन को हालांकि फार्म में चल रहे युवा विश्व चैंपियन हरियाणा के सचिन से कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा। गत चैंपियन हुसामुद्दीन को 57 किग्रा सेमीफाइनल मुकाबले में 4-1 से जीत हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ी। स्वर्ण पदक मैच में उनका मुकाबला दिल्ली के रोहित मोर से होगा।
दीपक (51 किग्रा), आकाश (54 किग्रा), एताश खान मोहम्मद (60 किग्रा), दलवीर सिंह तोमर (63.5 किग्रा), आकाश (67 किग्रा), सुमित (75 किग्रा), सचिन कुमार (80 किग्रा), लक्ष्य (86 किग्रा) और नरेंद्र (+92 किग्रा) फाइनल में पहुंचने वाले अन्य एसएससीबी मुक्केबाज हैं।
इस बीच 63.5 किग्रा में विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता शिव थापा ने उत्तर प्रदेश के अभिषेक यादव के खिलाफ सर्वसम्मत फैसले से शानदार जीत दर्ज की। असम के अनुभवी मुक्केबाज थापा फाइनल में एसएससीबी के दलवीर से भिड़ेंगे।
चंडीगढ़ के कुलदीप कुमार (48 किग्रा) और सागर (+92 किग्रा) ने भी समान अंतर से प्रभावी जीत के साथ फाइनल में जगह बनाई। कुलदीप ने जहां उत्तर प्रदेश के रवि कुमार को सर्वसम्मत फैसले से मात दी, वहीं सागर ने भी आराम से महाराष्ट्र के रेनॉल्ड जोसेफ को आरएससी (रेफरी स्टॉप्ड कॉन्टेस्ट) के फैसले से हराया। कर्नाटक के लिए निशांत देव ने भी 71 किग्रा वर्ग में अंतिम स्थान पक्का किया। हरियाणा के यशपाल पर 5-0 की आसान जीत के साथ निशांत फाइनल में पहुंचे।
चैंपियनशिप के सभी स्वर्ण पदक विजेता खुद को 2021 एआईबीए एलीट मेन्स विश्व मुक्केबाजी चैंपियनशिप में देश का प्रतिनिधित्व करने का मौका देंगे, जो 24 अक्टूबर से छह नवंबर तक सर्बिया में आयोजित होगी।

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